- शनि पूजा: शनि मंदिर में जाकर शनिदेव को सरसों का तेल, काले तिल और नीले फूल अर्पित करें। शनि चालीसा का पाठ करें。
- पीपल की सेवा: सुबह पीपल के पेड़ के जड़ में जल चढ़ाएं और शाम को सरसों के तेल का दीपक जलाएं。
- दान-पुण्य: जरूरतमंदों या दिव्यांगों को सवा किलो काली उड़द की दाल, काला कपड़ा या चप्पल दान करना बहुत फलदायी होता है。
- हनुमान पूजा: शनिदेव के प्रकोप से बचने के लिए हनुमान जी की पूजा करना अत्यंत शुभ माना जाता है। हनुमान मंदिर में जाकर बजरंगबली को चोला चढ़ाएं。
- पितृ तर्पण: अमावस्या तिथि पितरों की पूजा के लिए उत्तम है। पीपल के पेड़ पर जल और काले तिल अर्पित कर पितरों का तर्पण करें !
