ज्योतिष मैं सूर्य, चंद्रमा एवं गुरु का बहुत ज्यादा महत्व है।
सूर्य आत्मा के कारक है, चंद्रमा मन के कारक हैं, और गुरु ज्ञान के कारक हैं।
चाहे किसी भी लग्न की कुंडली हो यदि यह तीनों ग्रह पीड़ित हैं तो इन्हें ठीक करने का प्रयत्न बचपन से ही अवश्य करना चाहिए ।
