नवग्रह यंत्र बुध शुक्र चंद्र गुरु सूर्य मंगल राहु शनि केतु यंत्र को सुवर्ण पत्र पर लिखें। २१ दिन तक नित्य पूजन करें। यंत्र को गले में धारण करें। नीचे दिए श्लोक का १००० जप प्रतिदिन करें- ॐ गणाधिपं नमस्कृत्य नमस्कृत्य पितामहम् । विष्णुं रुद्रं देवीं वन्दे भक्त्या सरस्वतीम् ॥ स्थानाधिपं नमस्कृत्य ग्रहनाथं निशातरम् ।...

